राजधानी में महारामनवमी की पूर्व संध्या पर झांकी प्रतियोगिता को लेकर रांची ट्रैफिक डायवर्जन

रांची
राजधानी में महारामनवमी की पूर्व संध्या पर शनिवार को होने वाली झांकी प्रतियोगिता को लेकर ट्रैफिक पुलिस की ओर से कई इलाकों में वाहनों के प्रवेश पर रोक लगाई गई है। महाष्टमी पर शहर के विभिन्न इलाकों से निकलने वाली झांकी को लेकर शाम पांच से रात 12 बजे तक किसी भी प्रकार के छोटे मालवाहक का प्रवेश वर्जित रहेगा।
जानकारी के अनुसार, रातू रोड के न्यू मार्केट चौक से अपर बाजार, महावीर चौक, शहीद चौक और कचहरी रोड में नेताजी सुभाष चौक त्रिकोण हवन कुंड से महावीर चौक की ओर सामान्य वाहन का परिचालन शाम चार से रविवार की सुबह छह बजे तक बंद रहेगा। शहरी क्षेत्र में शाम चार से रविवार की सुबह छह बजे तक भारी वाहन का प्रवेश निषेध होगा। इस दौरान सभी प्रकार के भारी वाहन की आवाजाही रिंग रोड से होकर गंतव्य तक के लिए होगी।
इधर, निगम सभागार में निगम प्रशासक संदीप सिंह की अध्यक्षता में शुक्रवार को बैठक हुई, जिसमें श्री महावीर मंडल और रामनवमी पूजा समिति एवं अखाड़ेधारी शामिल हुए। शहर के हर इलाके समेत शोभायात्रा मार्ग की तीन पालियों में सफाई होगी। निगम की ओर से रामनवमी शोभायात्रा को लेकर प्रमुख इलाकों में 40 टैंकर से पीने के पानी और दस चलंत शौचालय की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। रोशनी को लेकर 27 स्थानों पर जेनरेटर की व्यवस्था रहेगी।
बताया गया कि निगम का कंट्रोल रूम 24 घंटे चालू है। किसी प्रकार की समस्या होने पर आमजन कंट्रोल रूम में टोल फ्री नंबर 18005701235, मोबाइल संख्या 9431104429 और टेलीफोन नंबर 0651-2200011 और 0651-2200025 पर सूचना दी जा सकती है।
बैठक के बाद निगम के प्रशासक संदीप सिंह ने अपर प्रशासक संजय कुमार के साथ शुक्रवार को दिन में शहर के कई प्रमुख इलाकों में बहाल व्यवस्था का जायजा लिया। प्रशासक ने टीम के साथ अपर बाजार के महावीर चौक, मारवाड़ी टोला, निवारणपुर में तपोवन मंदिर और अन्य स्थानों पर गए। वहां पर उन्होंने सफाई व्यवस्था, स्ट्रीट लाइट एवं सड़कों की स्थिति को देखा। उन्होंने प्रमुख पूजा आयोजन समिति के सदस्यों से बातचीत की। समय रहते हर स्तर पर सुविधा बहाल करने का भरोसा दिया।
मशीन से सफाई होगी। चार एंटी स्मॉग गन से सड़कों पर पानी का नियमित रूप से छिड़काव होगा। विभिन्न समिति की ओर से दिए सुझाव के आधार पर ब्लैक स्पॉट चिन्हित कर रोशनी की विशेष व्यवस्था होगी। सड़कों पर पूर्व से बने गड्ढों को समय रहते भरा जाएगा। इससे श्रद्धालुओं को किसी स्तर से परेशानी नहीं होगी।