राष्ट्रीय-अन्तर्राष्ट्रीय

खामेनेई का दौर खत्म! अमेरिकी सांसद बोले – अब सिर्फ सत्ता छोड़ना ही रास्ता

वॉशिंगटन
अमेरिका किसी भी वक्त ईरान पर हमला कर सकता है। एक रिपोर्ट में यह दावा किया गया है। डोनाल्ड ट्रंप भी कई बार इस बारे में संकेत दे चुके हैं। अमेरिकी हमले की आशंका के बीच मिडिल ईस्ट में एक बार फिर से तनाव चरम पर पहुंच गया है। अमेरिका ने तैयारी के लिए कई खतरनाक फाइटर जेट्स, युद्धपोत को तैनात कर दिया है। इस बीच, अमेरिकी सीनेटर (सांसद) ने दो टूक कहा है कि ईरान के सुप्रीम लीडर खामेनेई का राज खत्म हो चुका है और उनके पास अब सत्ता छोड़ने का ही एक ऑप्शन बचा है।

अमेरिकी सीनेटर टेड क्रूज ने कहा कि अयातुल्ला अली खामेनेई के पास सिर्फ एक ऑप्शन है, और वह है सत्ता छोड़ना। फॉक्स न्यूज को दिए एक इंटरव्यू में क्रूज ने कहा, “उनका राज खत्म हो चुका है। उन्हें फिर से बनाने के लिए समय चाहिए। मुझे नहीं लगता कि प्रेसिडेंट ट्रंप इसके झांसे में आएंगे। मुझे लगता है कि अयातुल्ला सिर्फ यही डील कर सकते हैं कि, मैं यहां से जा रहा हूं। मुझे जाने दो। मुझे रूस जाने दो। मुझे यहां के अलावा कहीं और जाने दो।” उन्होंने आगे कहा, “मेरा मानना ​​है कि न्यूक्लियर प्रोग्राम के मामले में कोई डील नहीं हो सकती।” उन्होंने यह भी कहा कि तेहरान कभी भी किसी भी जगह, कहीं भी, किसी भी समय इंस्पेक्शन के लिए राजी नहीं हुआ था।

बता दें कि सीएनएन की एक रिपोर्ट में सूत्रों के हवाले से दावा किया गया हैकि ईरान परमाणु वार्ताओं में अगर अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की मांगों को लगातार खारिज करता रहा तो अमेरिका उसके खिलाफ जल्द ही सैन्य अभियान शुरू कर सकता है। रिपोर्ट के अनुसार, ट्रंप ने अभी तक इस संबंध में कोई अंतिम निर्णय नहीं लिया है। व्हाइट हाउस को अवगत कराया गया है कि पश्चिमी एशिया में हाल के दिनों में वायु और नौसैनिक संसाधनों की बड़ी तैनाती के बाद अमेरिकी सेना सप्ताहांत तक संभावित हमले के लिए तैयार हो सकती है। एक सूत्र ने यह भी बताया कि ट्रंप निजी तौर पर सैन्य कार्रवाई के पक्ष और विपक्ष दोनों में तर्क दे चुके हैं तथा सर्वोत्तम विकल्प पर सलाहकारों और सहयोगियों से राय ले रहे हैं।

पश्चिमी एशिया में अमेरिका की व्यापक सैन्य तैनाती इस ओर संकेत करती है कि अमेरिका ईरान के खिलाफ बमबारी अभियान शुरू करने की तैयारी कर सकता है। क्षेत्र में तैनात अमेरिकी सैनिकों की संख्या और संसाधन ऐसे बड़े पैमाने के अभियान के लिए पर्याप्त बताये जा रहे हैं, जो कई सप्ताह तक चल सकता है। रिपोर्ट के अनुसार, पिछले 24 घंटों में ही अमेरिका ने 50 अतिरिक्त एफ-35, एफ-22 और एफ-16 लड़ाकू विमान क्षेत्र में तैनात किए हैं। इसके अलावा एक और विमानवाहक पोत के क्षेत्र की ओर रवाना होने तथा पहले से सैकड़ों स्ट्राइक, समर्थन और कमांड विमानों की मौजूदगी को देखते हुए यह तैनाती असामान्य मानी जा रही है।

 

Dinesh Kumar Purwar

Editor, Pramodan News

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button