राष्ट्रीय-अन्तर्राष्ट्रीय

MP में PWD अफसर के ठिकानों पर EOW की रेड, बालाघाट-छिंदवाड़ा-भोपाल में एक साथ छापे

बालाघाट

भोपाल, छिंदवाड़ा और बालाघाट में गुरुवार को सुबह एक साथ इओडब्ल्यू के छापे से हड़कंप मच गया। यह छापे लोक निर्माण विभाग के प्रभारी कार्यपालन यंत्री केके सिंघारे के ठिकानों पर की गई है। फिलहाल तीनों ही ठिकानों पर दस्तावेजों की पड़ताल की जा रही है। केके सिंघारे पर आय से अधिक संपत्ति रखने और भ्रष्टाचार के आरोपों के चलते यह कार्रवाई की जा रही है।

लोक निर्माण विभाग में पीआईयू कार्यपालन यंत्री केके सिंगारे के बालाघाट, छिंदवाड़ा और भोपाल के आवासों पर गुरुवार सुबह से दस्तावेजों की छानबीन की जा रही है। बालाघाट से पत्रिका रिपोर्ट ने जानकारी दी है कि वारासिवनी रोड स्थित उनके आवास पर डीएसपी मंजीत सिंह के नेतृत्व में EOW की टीम पहुंची और घर की तलाशी शुरू की। टीम द्वारा दस्तावेजों, आर्थिक लेनदेन से जुड़े रिकॉर्ड और अन्य महत्वपूर्ण सामग्री की जांच की जा रही है। शुरुआती जानकारी के अनुसार बालाघाट स्थित आवास से करीब 2 लाख 50 हजार रुपए नकद, एक नई स्कॉर्पियो वाहन और दर्जनों खाली लिफाफे मिलने की बात सामने आई है। हालांकि बरामदगी की विस्तृत और आधिकारिक जानकारी जांच पूरी होने के बाद सामने आने की संभावना है।

सिंगारे को छिंदवाड़ा ले गई EOW
इस कार्रवाई के दौरान EOW की टीम प्रभारी कार्यपालन यंत्री के.के. सिंगारे को बालाघाट से छिंदवाड़ा स्थित उनके आवास पर भी लेकर गई है। वहां भी टीम द्वारा तलाशी और दस्तावेजों की जांच की जा रही है। वहीं भोपाल में भी संबंधित ठिकाने पर EOW की कार्रवाई जारी होने की जानकारी सामने आई है। तीनों स्थानों पर एक साथ जांच किए जाने से कार्रवाई को महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

कांट्रेक्टर ने की थी शिकायत
सूत्रों से मिली जानकारी अनुसार EOW की यह कार्रवाई सिविल कॉन्ट्रैक्टर एसोसिएशन मध्यप्रदेश के जनरल सेक्रेटरी यूनुस खान उर्फ पप्पा भाई की शिकायत के बाद की गई है। शिकायत में प्रभारी कार्यपालन यंत्री के खिलाफ भ्रष्टाचार से जुड़े आरोप लगाए गए थे। शिकायत के आधार पर EOW ने कार्रवाई करते हुए सुबह-सुबह उनके ठिकानों पर दबिश दी।

EOW की टीम द्वारा दस्तावेजों, नकदी, वाहन और अन्य संपत्तियों से संबंधित जानकारी जुटाई जा रही है। जांच पूरी होने और आधिकारिक जानकारी सामने आने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि कार्रवाई में कुल कितनी संपत्ति या अन्य सामग्री बरामद हुई है और शिकायत में लगाए गए आरोपों की जांच किस दिशा में आगे बढ़ती है।

Dinesh Kumar Purwar

Editor, Pramodan News

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button