राष्ट्रीय-अन्तर्राष्ट्रीय

अमेरिका-ईरान समझौते का PM मोदी ने किया स्वागत, बोले- इससे पश्चिम एशिया में शांति और स्थिरता को मिलेगा बल

नई दिल्ली

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अमेरिका और ईरान के बीच हुए शांति समझौते का खुलकर स्वागत किया है. उन्होंने सोशल मीडिया पर ट्वीट करके कहा कि पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष को खत्म करने के लिए दोनों देशों के बीच जो सहमति बनी है, वह बेहद सराहनीय कदम है. पीएम मोदी के मुताबिक, इस युद्ध की वजह से पूरी दुनिया में गंभीर आर्थिक संकट पैदा हो गया था, जिसके चलते कई देशों को जान-माल का भारी नुकसान उठाना पड़ा। 

पीएम मोदी ने उम्मीद जताई कि इस शांति समझौते के लागू होने से पूरे क्षेत्र में स्थिरता वापस आएगी. इसके साथ ही समुद्र में जहाजों की सुरक्षित आवाजाही और व्यापार का रास्ता भी पूरी तरह साफ हो सकेगा. उन्होंने कहा कि भारत को पूरी उम्मीद है कि बाकी बचे हुए मुद्दों पर भी दोनों देश आगे बातचीत जारी रखेंगे, जिससे आने वाले समय में एक स्थायी और मजबूत अंतिम समझौता हो सके। 

बता दें कि दोनों देशों के बीच 107 दिनों तक चली भीषण जंग के बाद आखिरकार इस शांति समझौते पर अंतिम सहमति बन सकी है. ईरान के उप विदेश मंत्री काजेम गरीबाबादी ने सरकारी टीवी पर फोन के जरिए पुष्टि की है कि अमेरिका के साथ यह डील अब पूरी तरह अंतिम रूप ले चुकी है. आगामी शुक्रवार को स्विट्जरलैंड में इस पर दोनों देशों के बीच आधिकारिक हस्ताक्षर होने की उम्मीद है। 

ईरानी सरकारी मीडिया ने अमेरिका और ईरान के बीच हुए इस समझौते के 14 बिंदुओं वाले एक समझौता ज्ञापन (MOU) के मसौदे का ब्योरा प्रकाशित करने का दावा किया है. हालांकि, इन बिंदुओं की आधिकारिक पुष्टि अभी तक किसी भी देश ने नहीं की है, लेकिन अर्ध-सरकारी समाचार एजेंसी मेहर के अनुसार, इस मसौदे में दोनों देशों के हितों से जुड़ी कई अहम बातें शामिल हैं। 

उन्होंने आगे कहा, 'भारत को उम्मीद है कि इस सहमति को लागू करने से क्षेत्र में शांति और स्थिरता बहाल करने में मदद मिलेगी और आवाजाही व व्यापार की स्वतंत्रता सुनिश्चित होगी।'

उन्होंने कहा कि भारत को उम्मीद है कि दोनों पक्षों के बीच बाकी बचे मुद्दों पर भी बातचीत के जरिए एक स्थायी और टिकाऊ अंतिम समझौता होगा।

अमेरिका-ईरान समझौते का ऑस्ट्रेलिया PM ने किया समर्थन
ऑस्ट्रेलिया के प्रधानमंत्री एंथनी अल्बनीज ने सोमवार को अमेरिका और ईरान के बीच शांति समझौते का स्वागत किया। इसके सात ही उन्होंने दोनों पक्षों से लगातार संयम बरतने की अपील की। 

ऑस्ट्रेलिया के प्रधानमंत्री ने क्या कहा?
न्यूज एजेंसी सिन्हुआ के अनुसार, विदेश मंत्री पेनी वोंग के साथ एक संयुक्त बयान में पीएम अल्बनीज ने कहा कि ऑस्ट्रेलियाई सरकार इस बात से खुश है कि इस समझौते में होर्मुज स्ट्रेट को फिर से खोलने और नेविगेशन की आजादी को बहाल करने की दिशा में कदम शामिल हैं। उन्होंने कहा, 'ऑस्ट्रेलिया लंबे समय से लेबनान समेत सभी जगहों पर तनाव कम करने और लड़ाई खत्म करने की मांग कर रहा है। जैसा कि हमने कहा है यह लड़ाई जितनी लंबी चलेगी इसका प्रभाव उतना ही ज्यादा होगा। लड़ाई को और बढ़ने से रोकने और एक पक्का समझौता करने के लिए लगातार संयम और अच्छे काम करना जरूरी होगा।'

'बुरे प्रभाव से बचाने की कोशिश करेगी'
उन्होंने कहा कि ऑस्ट्रेलिया पश्चिम एशिया में शांति, स्थिरता और सुरक्षा को बढ़ावा देता रहेगा। सरकार ऑस्ट्रेलियाई लोगों को लड़ाई के सबसे बुरे प्रभाव से बचाने के लिए हर मुमकिन कोशिश करेगी। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एलान किया कि अमेरिका और ईरान ने एक डील पूरी कर ली है जिससे होर्मुज स्ट्रेट फिर से खुल जाएगा और अमेरिकी नौसेना की नाकाबंदी खत्म हो जाएगी। उन्होंने इसे महीनों की लड़ाई के बाद एक बड़ी कामयाबी बताया, जिसने वैश्विक ऊर्जा बाजार को हिलाकर रख दिया था और एक बड़े इलाके में लड़ाई का डर पैदा कर दिया था।

जर्मन चांसलर ने क्या कहा?
वहीं जर्मन चांसलर फ्रेडरिक मर्ज ने कहा, 'मैं अमेरिका और ईरान के बीच हुए समझौते का स्वागत करता हूं। इस कूटनीतिक कामयाबी के लिए, मैं राष्ट्रपति ट्रंप और ईरानी पक्ष को बधाई देता हूं। इससे दुनिया की अर्थव्यवस्था की रिकवरी और इलाके में स्थिरता का रास्ता बन सकता है। जो बातें तय हुई हैं, उन्हें पक्के इरादे और फोकस के साथ लागू करना जरूरी है।' राष्ट्रपति ट्रंप ने टूथ सोशल पर एक पोस्ट में कहा, 'इस्लामिक रिपब्लिक ऑफ ईरान के साथ डील अब पूरी हो गई है। सभी को बधाई!'

यह घोषणा ऐसे समय में हुई है जब दुनिया का ध्यान होर्मुज स्ट्रेट पर था, जिससे दुनिया के समुद्री तेल व्यापार का एक बड़ा हिस्सा गुजरता है। होर्मुज स्ट्रेट कई महीनों से वाशिंगटन और तेहरान के बीच तनाव का केंद्र रहा है। शिपिंग में रुकावटों की वजह से दुनिया भर में ऊर्जा की कीमतों में उतार-चढ़ाव देखने को मिल रहा है। अमेरिकी राष्ट्रपति ने कहा कि वह अंतरराष्ट्रीय समुद्री मार्ग को फिर से खोलने और अमेरिकी नाकेबंदी को हटाने की मंजूरी दे रहे हैं। उन्होंने लिखा, 'मैं होर्मुज स्ट्रेट को टोल फ्री खोलने की पूरी मंजूरी देता हूं। इसके साथ ही, अमेरिका नेवल ब्लॉकेड को तुरंत हटाने जा रहा है। दुनिया भर के जहाजों, अपने इंजन चालू करो। तेल का प्रवाह शुरू होने दो।'

Dinesh Kumar Purwar

Editor, Pramodan News

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