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Delhi SIR: तुगलकाबाद और ओखला में सबसे ज्यादा वोट कटने का खतरा, सिर्फ 52% और 54.66% फॉर्म जमा

नई दिल्ली

राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में एसआईआर यानी विशेष गहन पुनरीक्षण का प्रोसेस पूरा हो चुका है. प्रदेश में करीब 47 लाख मतदाता गैर-हाजिर या मृत कैटेगरी में शामिल किए गए हैं. इसका मतलब ये हुआ कि वे दिल्ली के मतदाता नहीं है. दिल्ली में अब तक 1 करोड़ 45 लाख 10 हजार 299 मतदाता थे. अब तक SIR के तहत 97 लाख 47 हजार 879 का फॉर्म जमा हुआ है. यानी दिल्ली में 67.18 फीसदी मतदाताओं ने अपने फॉर्म जमा कराए हैं। 

अब अगर SIR के तीसरे चरण यानी 30 जून से 17 अगस्त की प्रक्रिया पर नजर डाली जाए, तो पता चलता है कि दिल्ली में सबसे कम तुगलकाबाद विधानसभा में मतदाताओं ने फॉर्म जमा कराए. यानी इस विधानसभा में महज 52 फीसदी मतदाताओं ने ही फॉर्म जमा किया. बाकी करीब 48 फीसदी गायब पाए गए। 

वहीं, दूसरे नंबर पर मुस्लिम बहुल विधानसभा ओखला है, जहां 54.66 फीसदी मतदाता ही अपना फॉर्म जमा करा पाए. तीसरे नंबर पर कस्तूरबा नगर और कालकाजी विधानसभा सीटें हैं, जहां 56 फीसदी और 57 फीसदी लोगों ने फॉर्म जमा कराए. यानी दक्षिणी-पूर्व जिले में 15 लाख 57 हजार 289 मतदाता थे जबकि सिर्फ 8 लाख 77 हजार 64 मतदाता ही फॉर्म जमा करा पाए. इसका मतलब, विधानसभा क्षेत्र के सिर्फ 56.32 फीसदी मतदाता ही फॉर्म जमा करा पाए। 

इन इलाकों में सबसे ज्यादा नाम कटने का खतरा! 
दिल्ली के ओखला और तुगलकाबाद जैसे इलाकों में बड़ी तादाद में छात्र, कामकाजी लोग और प्रवासी मजदूर रहते हैं. ओखला में बड़ी तादात में जामिया के छात्र किराए पर रहते हैं जबकि तुगलकाबाद में फरीदाबाद बॉर्डर पर काम करने वाले प्रवासी मजदूर है। 

जानकारों का कहना है कि इसी के चलते सबसे ज्यादा तुगलकाबाद और ओखला विधानसभा में वोटर्स अपने फॉर्म नहीं जमा पाए. ओखला विधानसभा से अमानतउल्लाह खान विधायक हैं और तुगलकाबाद विधानसभा से सहीराम पहलवान विधायक हैं. गौर करने वाली बात है कि दोनों नेता आम आदमी पार्टी के हैं। 

दिल्ली में सबसे ज्यादा फॉर्म कहां भरे गए?
एसआईआर की प्रक्रिया के तहत सबसे ज्यादा मतदाता फॉर्म आउटर नॉर्थ यानी बाहरी उत्तरी क्षेत्र में भरे गए. इस इलाके में 75.68 फीसदी मतदाताओं के फॉर्म जमा हुए. इलाके में कुल 8 लाख 32 हजार 510 रजिस्टर्ड वोटर्स में से 6 लाख 30 हजार 30 मतदाताओं के फॉर्म जमा हुए. बाहरी उत्तरी जिले में नरेला, बवाना और बादली जैसे विधानसभा क्षेत्र हैं. लेकिन दिल्ली में रोहिणी और शरीर बस्ती ऐसी विधानसभाएं हैं, जहां सबसे ज्यादा मतदाओं ने अपने फॉर्म जमा कराए. रोहिणी विधानसभा में 1 लाख 50 हजार 398 मतदाताओं में से 1 लाख 25 हजार 470 लोगों ने फॉर्म जमा कराए. वहीं, दूसरे नंबर पर शरीर बस्ती विधानसभा रही, जहां पर 80 फीसदी से ज्यादा मतदाताओं ने फॉर्म जमा कराया। 

Dinesh Kumar Purwar

Editor, Pramodan News

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