राष्ट्रीय-अन्तर्राष्ट्रीय

अबू धाबी में बने बीएपीएस स्वामीनारायण मंदिर में दर्शन के लिए रोजाना हजारों श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ रही

अबू धाबी
अबू धाबी में बने बीएपीएस स्वामीनारायण मंदिर में दर्शन के लिए रोजाना हजारों श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ रही है। यह मंदिर 1 मार्च से आम श्रद्धालुओं के लिए खोला गया है। ऐसी रिपोर्ट है कि इस मंदिर में दर्शन के लिए एक दिन में करीब 40,000 श्रद्धालु पहुंचे हैं। तस्वीरों में भी मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ देखी जा सकती है। इस मंदिर का उद्घाटन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 14 फरवरी को किया था। पीएम मोदी ने इस मंदिर के निर्माण को लेकर यूएई के राष्ट्रपति मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान को धन्यवाद भी दिया था। यह अबू धाबी में अपनी तरह का पहला हिंदू मंदिर है।

700 करोड़ की लागत से बना है अबू धाबी का हिंदू मंदिर
यह मंदिर दुबई-अबू धाबी शेख जायद राजमार्ग पर अल राहबा के पास 27 एकड़ क्षेत्र में लगभग 700 करोड़ रुपये की लागत से बनाया गया है। मंदिर के लिए जमीन यूएई सरकार ने दान में दी है। अबू धाबी के पहले हिंदू मंदिर का निर्माण नागर शैली में किया गया है। इसी तरह अयोध्या में राम मंदिर का निर्माण किया गया है। मंदिर में स्वंयसेवक उमेश राजा के अनुसार, 20 हजार टन से अधिक चूना पत्थर के टुकड़ों को राजस्थान में तराशा गया और 700 कंटेनर में अबू धाबी लाया गया।

अबू धाबी के हिंदू मंदिर की टाइमिंग जानें
यह मंदिर सोमवार को छोड़कर सभी दिन सुबह नौ बजे से रात आठ बजे तक खुला रहेगा। बीएपीएस के लिए अंतरराष्ट्रीय संबंधों के प्रमुख स्वामी ब्रह्मविहारीदास ने कहा था, "यहां वास्तुशिल्प पद्धतियों को वैज्ञानिक तकनीकों के साथ जोड़ा गया है। तापमान, दबाव और गति (भूकंपीय गतिविधि) को मापने के लिए मंदिर के हर स्तर पर 300 से अधिक उच्च तकनीक वाले सेंसर लगाए गए हैं। सेंसर अनुसंधान के लिए लाइव डेटा प्रदान करेंगे।" मंदिर के निर्माण में किसी भी धातु का उपयोग नहीं किया गया है और नींव को भरने के लिए कंक्रीट मिश्रण में 55 प्रतिशत सीमेंट की जगह राख का उपयोग किया गया है।

तापमान कम करने वाली टाइल्स का हुआ है इस्तेमाल
मंदिर के निर्माण प्रबंधक मधुसूदन पटेल ने कहा था, "हमने परंपरागत सौंदर्य वाली पत्थर संरचनाओं और आधुनिक समय के शिल्प को मिलाते हुए तापमान रोधी सूक्ष्म टाइल्स और कांच के भारी पैनलों का इस्तेमाल किया है। यूएई में अत्यधिक तापमान को देखते हुए ये टाइल्स दर्शनार्थियों के पैदल चलने में सुविधाजनक होंगी।" संयुक्त अरब अमीरात में तीन और हिंदू मंदिर हैं जो दुबई में हैं। अद्भुत वास्तुशिल्प और नक्काशी के साथ एक बड़े इलाके में फैला बीएपीएस मंदिर खाड़ी क्षेत्र में सबसे बड़ा मंदिर है।

Dinesh Purwar

Editor, Pramodan News

Dinesh Purwar

Editor, Pramodan News

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button