राष्ट्रीय-अन्तर्राष्ट्रीय

मध्यप्रदेश उच्च न्यायालय, ग्वालियर खण्डपीठ ने राज्य परिवहन प्राधिकरण गठन अधिसूचना को माना वैध

भोपाल
मध्यप्रदेश उच्च न्यायालय, ग्वालियर खण्डपीठ मे निजी बस ऑपरेटर हरिशंकर सिंह पटेल एवं अन्य द्वारा रिट याचिका क्रमांक 15560/2026 दायर किया गया जिसमे राज्य परिवहन प्राधिकरण के गठन से संबंधित राज्य शासन की अधिसूचना दिनांक 10 अगस्त 2026 की वैधता को चुनौती दी गई थी।

माननीय न्यायमूर्ति श्री जी. एस. अहलूवालिया एवं माननीय न्यायमूर्ति श्रीमती अनुराधा शुक्ला द्वारा वादी पक्ष को नैसर्गिक न्याय के सिद्धांतों के अनुरूप सुनवाई का समुचित अवसर प्रदान कर सुना गया ओर राज्य शासन द्वारा भी माननीय न्यायालय के समक्ष अधिसूचना की वैधानिकता के अनुरूप सशक्त पक्ष रखे गए।

माननीय न्यायालय द्वारा दोनों पक्षों के अभिवचनो को दृष्टिगत रखते हुए राज्य शासन द्वारा जारी अधिसूचना को विधि के अनुरूप एवं वैध माना गया तथा रिट याचिका क्रमांक 15560/2026 को खारिज कर राज्य शासन को विधि के अनुसार आगे की कार्यवाही करने की स्वतंत्रता प्रदान की गई। इस निर्णय से राज्य शासन द्वारा जारी अधिसूचना की वैधानिकता की पुष्टि होने से इससे संबंधित वैधानिक प्रावधानों के अनुसार राज्य शासन को आगे की कार्यवाही करने का मार्ग प्रशस्त हुआ है।

उल्लेखनीय है कि इस याचिका के निरस्त होने से अंतरराज्यीय परमिट आवेदनों एवं अन्य संबंधित विषयों पर राज्य परिवहन प्राधिकरण द्वारा निर्णय लिया जा सकेगा।

Dinesh Kumar Purwar

Editor, Pramodan News

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button